सोशल मीडिया पर चार हथियारों के साथ रील बनाना युवक को पड़ा भारी

संवाददाता: तारकेश्वर प्रसाद
आरा: बिहार के भोजपुर जिले में सोशल मीडिया पर हथियार प्रदर्शन का मोह एक युवक को जेल की सलाखों के पीछे ले गया है। ताजा मामला करनामेपुर थाना क्षेत्र के सोनवर्षा गांव का है, जहां चार अवैध हथियारों के साथ एक युवक की तस्वीर इंटरनेट पर तेजी से वायरल हुई थी। वायरल फोटो में युवक बेखौफ अंदाज में छोटे-बड़े घातक हथियारों का प्रदर्शन करता नजर आ रहा था। जैसे ही यह तस्वीर पुलिस के संज्ञान में आई, विभाग में हड़कंप मच गया और आनन-फानन में आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीम का गठन किया गया।
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस ने वायरल फोटो का तकनीकी अनुसंधान और स्थानीय स्तर पर सत्यापन शुरू किया। पुलिस जांच में मुख्य आरोपी की पहचान सोनवर्षा गांव निवासी सुदर्शन यादव के पुत्र गंगासागर यादव के रूप में हुई। भोजपुर पुलिस ने शनिवार की रात उसके संदिग्ध ठिकानों पर छापेमारी की, जिसमें गंगासागर यादव को पुलिस ने धर दबोचा। हालांकि, पुलिस की भनक लगते ही मामले में शामिल अन्य तीन आरोपी भागने में सफल रहे।
इस मामले में पुलिस ने कुल चार लोगों के खिलाफ नामजद प्राथमिकी दर्ज की है। गिरफ्तार गंगासागर यादव के अलावा पुलिस को अब सनोज यादव, जितेंद्र यादव और अखिलेश यादव की सरगर्मी से तलाश है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, इन युवकों का मकसद इलाके में अपनी दबंगई दिखाना और लोगों के बीच दहशत का माहौल पैदा करना था। पुलिस की गिरफ्त में आए युवक से लगातार पूछताछ की जा रही है ताकि गिरोह के अन्य सदस्यों और हथियारों के स्रोत का पता लगाया जा सके।
हैरानी की बात यह है कि अभी तक वायरल फोटो में दिख रहे चारों हथियारों की बरामदगी नहीं हो पाई है। पुलिस ने आरोपी के घर और संभावित ठिकानों पर घंटों तलाशी अभियान चलाया, लेकिन सफलता हाथ नहीं लगी।
पुलिस को आशंका है कि गिरफ्तारी के डर से फरार आरोपियों ने हथियार कहीं सुरक्षित स्थान पर छुपा दिए हैं। पुलिस की विशेष टीमें फरार तीनों युवकों की गिरफ्तारी और हथियारों की बरामदगी के लिए लगातार छापेमारी कर रही हैं।
भोजपुर पुलिस ने इस कार्रवाई के माध्यम से सोशल मीडिया पर अवैध गतिविधियों को बढ़ावा देने वालों को सख्त संदेश दिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सोशल मीडिया प्लेटफार्म्स पर हथियारों का प्रदर्शन करना या रील बनाकर दहशत फैलाना एक गंभीर अपराध है
और ऐसे मामलों में किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा। साइबर सेल की टीम भी अब सक्रियता से इस तरह की पोस्ट पर नजर रख रही है ताकि अपराधियों के मंसूबों को समय रहते नाकाम किया जा सके।





