आरा में अवैध मिनी गन फैक्ट्री का भंडाफोड़, संचालक मां-बेटा गिरफ्तार

संवाददाता: तारकेश्वर प्रसाद
बिहार के भोजपुर जिले से एक बड़ी और सनसनीखेज कार्रवाई की खबर सामने आई है। भोजपुर पुलिस ने तियर थाना क्षेत्र के उत्तरदाहा गांव में संचालित एक अवैध मिनी गन फैक्ट्री का भंडाफोड़ करते हुए हथियारों के एक बड़े जखीरे को बरामद किया है। इस कार्रवाई में पुलिस ने फैक्ट्री के संचालक मां-बेटा को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, इस मिनी गन फैक्ट्री से आसपास के इलाकों में अवैध हथियारों की सप्लाई की जा रही थी, जिससे अपराधियों को बढ़ावा मिल रहा था।
भोजपुर के पुलिस अधीक्षक (एसपी) मिस्टर राज ने इस पूरी कार्रवाई की जानकारी एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के माध्यम से साझा की। उन्होंने बताया कि पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि तियर थाना क्षेत्र के उत्तरदाहा गांव में लंबे समय से अवैध रूप से हथियारों का निर्माण किया जा रहा है। सूचना की गंभीरता को देखते हुए तुरंत एक विशेष टीम का गठन किया गया और योजनाबद्ध तरीके से छापेमारी की गई।
पुलिस टीम जब उत्तरदाहा गांव पहुंची और संदिग्ध स्थान पर छापेमारी की, तो वहां का दृश्य देखकर अधिकारी भी हैरान रह गए। मौके से दो निर्मित देशी कट्टा, छह अर्धनिर्मित देशी कट्टा, कई जिंदा कारतूस और खोखे बरामद किए गए। इसके अलावा हथियार बनाने में इस्तेमाल की जा रही विद्युत ड्रिल मशीन, लोहे के सांचे और अन्य तकनीकी उपकरण भी जब्त किए गए हैं। इससे साफ है कि यहां सुनियोजित तरीके से हथियारों का निर्माण किया जा रहा था।
इस मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी धनजी शर्मा, पिता स्वर्गीय मुनीलाल शर्मा, निवासी उत्तरदाहा गांव को गिरफ्तार किया है। साथ ही एक महिला अभियुक्त को भी हिरासत में लिया गया है, जो इस अवैध कारोबार में सहयोग कर रही थी। पुलिस दोनों आरोपियों से गहन पूछताछ कर रही है ताकि इस अवैध हथियार नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान की जा सके।
एसपी मिस्टर राज ने बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि यह मिनी गन फैक्ट्री काफी समय से गुप्त रूप से संचालित की जा रही थी और यहां से तैयार किए गए हथियारों की आपूर्ति आसपास के जिलों और सीमावर्ती इलाकों तक की जा रही थी। इस अवैध कारोबार से जुड़े नेटवर्क का दायरा काफी बड़ा हो सकता है, जिसे लेकर पुलिस हर पहलू से जांच कर रही है।
पुलिस अधीक्षक ने यह भी स्पष्ट किया कि भोजपुर जिले में अपराध नियंत्रण और अवैध हथियारों की रोकथाम के लिए लगातार विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इस कार्रवाई से हथियार तस्करों और अपराधियों के नेटवर्क को बड़ा झटका लगा है। समय रहते हथियारों की इस खेप को जब्त कर लेने से संभावित आपराधिक घटनाओं को रोका जा सका है, जिससे आम लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित हुई है।
फिलहाल पुलिस गिरफ्तार आरोपियों के आपराधिक इतिहास की जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि अब तक कितने हथियारों की आपूर्ति की जा चुकी है और किन-किन अपराधियों तक ये हथियार पहुंचे। पुलिस का कहना है कि इस मामले में आगे और भी खुलासे हो सकते हैं और जरूरत पड़ने पर अन्य जिलों की पुलिस से भी सहयोग लिया जाएगा।
इस बड़ी कार्रवाई के बाद क्षेत्र में पुलिस की सक्रियता की सराहना की जा रही है और आम लोगों ने राहत की सांस ली है। भोजपुर पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि अवैध हथियारों के खिलाफ अभियान आगे भी सख्ती से जारी रहेगा।





