लोक लेखा समिति के सभापति भाई वीरेंद्र का भोजपुर दौरा, राजद नेताओं ने किया स्वागत

Report By : तारकेश्वर प्रसाद
आरा बिहार : बिहार विधानसभा की लोक लेखा समिति के सभापति एवं मनेर विधायक भाई वीरेंद्र अपने दो दिवसीय दौरे पर भोजपुर पहुंचे। इस दौरान आरा परिसदन में राजद नेताओं और कार्यकर्ताओं ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। राजद नेताओं ने पुष्पगुच्छ देकर उनका अभिनंदन किया और क्षेत्र से संबंधित कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की।
भाई वीरेंद्र ने लोक लेखा समिति की भूमिका पर प्रकाश डालते हुए बताया कि यह समिति सरकारी योजनाओं की निगरानी और वित्तीय अनियमितताओं को रोकने के लिए कार्य करती है। उन्होंने कहा कि लोक लेखा समिति का उद्देश्य सरकारी खर्चों की जांच कर पारदर्शिता सुनिश्चित करना है, जिससे आम जनता को योजनाओं का सही लाभ मिल सके।
भोजपुर दौरे का उद्देश्य
अपने भोजपुर दौरे के दौरान भाई वीरेंद्र विभिन्न सरकारी योजनाओं की जमीनी हकीकत का जायजा लेंगे। वे कई विकास परियोजनाओं का निरीक्षण करेंगे और यह सुनिश्चित करेंगे कि सरकारी योजनाओं का सही ढंग से क्रियान्वयन हो रहा है या नहीं। इसके अलावा, वे अधिकारियों के साथ बैठक कर जिले में चल रहे कार्यों की समीक्षा करेंगे।

उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा शुरू की गई योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे, यह सुनिश्चित करना उनकी प्राथमिकता है। सरकारी परियोजनाओं में किसी भी तरह की गड़बड़ी या लापरवाही मिलने पर वे उचित कार्रवाई की सिफारिश करेंगे।
नेताओं और इंजीनियरों की उपस्थिति
भाई वीरेंद्र के स्वागत के लिए कई राजद नेता और कार्यकर्ता उपस्थित रहे। इस अवसर पर राजद जिलाध्यक्ष वीरबल यादव, जगदीशपुर विधायक राम विशुन सिंह उर्फ लोहिया जी, आरा सदर के पूर्व विधायक मो. नवाज आलम उर्फ अनवर आलम, अगिआंव प्रमुख मुकेश सिंह यादव, प्रवक्ता आलोक रंजन, मंटू शर्मा, एकराम आलम, पूर्व मेयर सुनील यादव, छोटू यादव, महेश सिंह यादव, अनिल यादव, नंदकिशोर सिंह सहित कई वरिष्ठ नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
भोजपुर के विकास कार्यों को मिलेगी गति
भाई वीरेंद्र के दौरे से जिले में विकास कार्यों की समीक्षा और पारदर्शिता को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। स्थानीय नेताओं और जनता को भरोसा है कि उनके प्रयासों से सरकारी योजनाओं में सुधार होगा और विकास कार्यों की गति तेज होगी।
उनका यह दौरा भोजपुर के विकास के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि इससे न केवल सरकारी योजनाओं की स्थिति स्पष्ट होगी बल्कि जरूरतमंदों तक सहायता पहुंचाने में भी मदद मिलेगी।
