राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी योजना फार्मर रजिस्ट्रेशन

विशेष संवाददाता बिहार|कर्मक्षेत्र टीवी

सीवान: राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी योजना फार्मर रजिस्ट्रेशन – डिजिटल पब्लिक इन्फ्रास्ट्रक्चर फॉर एग्रीकल्चर को सफल बनाने के लिए जिला प्रशासन सीवान पूरी तरह सख्त और सक्रिय हो गया है। किसानों के अधिकतम निबंधन को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से आगामी 02 फरवरी से 06 फरवरी 2026 तक पूरे जिले में मिशन मोड में फार्मर रजिस्ट्रेशन अभियान चलाया जाएगा। इस दौरान किसानों का निबंधन पूरी तरह निःशुल्क होगा।

इसी क्रम में 30 जनवरी 2026 को जिला पदाधिकारी सीवान विवेक रंजन मैत्रेय की अध्यक्षता में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से एक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले के सभी अंचलाधिकारी, प्रखंड कृषि पदाधिकारी एवं प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी शामिल हुए। जिला पदाधिकारी ने फार्मर रजिस्ट्रेशन को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का निर्देश देते हुए सभी संबंधित अधिकारियों को लक्ष्य के अनुरूप कार्य में तेजी लाने के लिए सख्त निर्देश दिए।

जिला पदाधिकारी ने बताया कि राज्य सरकार के निर्देशानुसार मिशन मोड अभियान के दौरान प्रत्येक किसान का पंजीकरण सुनिश्चित किया जाएगा। इस योजना का उद्देश्य राज्य एवं देश के किसानों का एक व्यापक, एकीकृत एवं डिजिटल डाटाबेस तैयार करना है, ताकि कृषि से जुड़ी सभी सरकारी योजनाओं का लाभ वास्तविक और पात्र किसानों तक समय पर एवं पारदर्शी तरीके से पहुँचाया जा सके।

उन्होंने कहा कि फार्मर रजिस्ट्री एग्री-स्टेक परियोजना का एक महत्वपूर्ण घटक है। इसके तहत प्रत्येक किसान को एक यूनिक Farmer ID प्रदान की जाएगी, जिसमें किसान की भूमि से संबंधित विवरण, आधार संख्या एवं अन्य आवश्यक जानकारियां डिजिटल रूप से एकीकृत रहेंगी। बिहार भूमि डाटाबेस के समेकन के बाद प्रत्येक राजस्व ग्राम में समान नाम एवं समान पिता के नाम वाले किसानों की जमाबंदी का एक ऑनलाइन बकेट तैयार किया गया है, जिसके आधार पर फार्मर रजिस्ट्री का निर्माण किया जा रहा है।

फार्मर रजिस्ट्री के लागू होने से सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता बढ़ेगी और अनुदान एवं लाभों का वितरण अधिक व्यवस्थित एवं प्रभावी होगा। इसके माध्यम से किसानों को बीज, उर्वरक, कृषि यंत्र, फार्म मशीनरी बैंक, सिंचाई उपकरण, गोदाम निर्माण, बायोगैस संयंत्र, वर्मीपीट, फल-फूल बागवानी, वानिकी, ड्रोन के माध्यम से फसल छिड़काव, फसल बीमा सहित अन्य कृषि योजनाओं का लाभ आसानी से प्राप्त हो सकेगा।

यह रजिस्ट्री कृषि क्षेत्र में तकनीकी परिवर्तन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है, जिससे किसान बिना किसी कागजी प्रक्रिया के, पूरी तरह पेपरलेस तरीके से कृषि विभाग की योजनाओं का लाभ उठा सकेंगे। इसके साथ ही यह डाटाबेस नीति निर्माण में भी सहायक सिद्ध होगा और किसानों की आजीविका में सुधार के लिए बेहतर एवं लक्षित योजनाएं तैयार करने में मदद करेगा।

फार्मर रजिस्ट्री के माध्यम से किसानों को सरकारी प्रशिक्षण कार्यक्रमों, कृषि मेलों तथा नई कृषि तकनीकों से जुड़ने का एक सुलभ मंच भी उपलब्ध होगा। साथ ही फसल क्षति सहायता, डीजल अनुदान एवं आपदा राहत जैसी योजनाओं में किसानों का डिजिटल डाटा तैयार होने से लाभ सीधे उनके बैंक खाते में भेजा जा सकेगा।

जिले में फार्मर आईडी बनाने के लिए पंचायत कृषि कार्यालय, प्रखंड कृषि कार्यालय एवं गांव स्तर पर विशेष शिविरों का आयोजन किया जाएगा। किसान आधार कार्ड, मोबाइल नंबर एवं लगान रसीद जैसे आवश्यक दस्तावेजों के साथ संबंधित कृषि समन्वयक या राजस्व कर्मचारी से संपर्क कर हाथों-हाथ फार्मर आईडी प्राप्त कर सकते हैं।

कृषि एवं राजस्व विभाग द्वारा निर्धारित लक्ष्य के अनुसार जिले में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के अंतर्गत लाभान्वित 3 लाख 81 हजार 727 सक्रिय निबंधित किसानों का फार्मर आईडी बनाना प्राथमिकता में शामिल है। जिला प्रशासन ने स्पष्ट रूप से कहा है कि पीएम किसान योजना की आगामी किस्त प्राप्त करने के लिए फार्मर आईडी होना अनिवार्य है। ऐसे में किसानों से अपील की गई है कि वे निर्धारित तिथि के भीतर अपना निबंधन अवश्य करा लें।

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